भोपाल के काली माता मंदिर में सीधी हो जाती है देवी मां की गर्दन, संतान प्राप्ति की मनोकामना करती हैं पूरी
February 6th, 2019 | Post by :- | 478 Views

हमारे देश में कई ऐसे मंदिर हैं जो अपनी अनोखी परंपराओं और रहस्यों के लिए जानें जाते हैं। भोपाल शहर से करीब 15 किलोमीटर दूर एक ऐसा ही काली माता का एक चमत्कारी मंदिर स्थित है। इस मंदिर की मूर्ति खास बात यह है कि यहां स्थित मां काली की मूर्ति स्वयं ही अपनी गर्दन सीधी कर लेती हैं। यह चमत्कार देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां आते हैं। मान्यता के मुताबिक जिस भक्त को माता की सीधी गर्दन देखने का मौका मिलता है उसके सारे बिगड़े काम बन जाते हैं।

मंदिर से जुड़ी विशेष बातें

नवरात्र में होती है विशेष आराधना

राजधानी से महज 15 किमी दूर रायसेन जिले के गुदावल गांव में मां काली का प्रचीन मंदिर है। यहां मां काली की 20 भुजाओं वाली मूर्ति के साथ भगवान ब्रम्हा, विष्णु और महेश की प्रतिमाए विराजमान हैं।

  • बताया जाता है कि माता की 45 डिग्री झुकी गर्दन कुछ पलों के लिए सीधी हो जाती है। जिसे देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। सामान्यतः यहां पूरे साल भक्तों की भीड़ लगी रहती है, लेकिन नवरात्र में भीड़ उमड़ पड़ती है।
  • मंदिर के महंत मंगल दास त्यागी बताते हैं कि मंदिर से जुड़ी अलग-अलग मान्यताएं हैं। कहा जाता है कि जिन माता-बहनों की गोद सूनी होती है, वह श्रृद्धाभाव से यहां उल्टे हाथ लगाती हैं, उनकी मनोकामना भी अवश्य पूरी हो जाती है।
  • कंकाली मंदिर रायसेन रोड पर स्थित बिलखिरिया गांव से कुछ ही दूरी पर जंगल के बीच बना हुआ है। मंदिर के चारो लगे हरे-भरे पेड़ पौधे यहां सबसे बड़ा आकर्षण है।

कब जाएं?

वैसे तो यहां सालभर ही भक्तों के आने का क्रम लगा रहता है लेकिन नवरात्रि में मां के दर्शन का विशेष महत्व माना गया है।

कैसे पहुंचे?

भोपाल लगभग सभी बडे़ शहरो से जुड़ा हुआ है। इसलिए यहां तक रेल, बस या हवाई मार्ग से आसानी से पहुंचा जा सकता है।

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