June 26th, 2019 | Post by :- | 144 Views

बसों में वाहन चालक की पूरी जानकारी लिखना जरूरी ।
धर्मशाला 26 जून: ओवरलोडिंग, अत्याधिक स्पीड तथा अन्य कारणों से बढ़ते सड़क हादसों को रोकने तथा लोगों की सुरक्षा के दृष्टिगत प्रदेश सरकार द्वारा जारी की गई हिदायतों की तुरन्त अनुपालना सुनिश्चित बनाने के लिए डीसी ऑफिस के सभागार में अतिरिक्त उपायुक्त राघव शर्मा की अध्यक्षता में एचआरटीसी व निजी बस संचालकों के साथ बैठक आयोजित की गई। उन्होंने बताया कि लोगों की सुरक्षा के लिए मोटर वाहन अधिनियम तथा सरकार द्वारा समय-समय पर जारी हिदायतों की अनुपालना सुनिश्चित बनाना सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि एचआरटीसी प्रबन्धन तथा निजी बस संचालकों को बसों के भीतर वाहन चालक का फोटो, उसका नाम तथा वैध लाइसेंस की पूर्ण जानकारी प्रर्दशित करने सहित आरटीओ कार्यालय का दूरभाष नम्बर लिखना अनिवार्य होगा। इसके अतिरिक्त उन्हें अपने-अपने वाहन चालक की संपूर्ण जानकारी सात दिनों के भीतर आरटीओ कार्यालय में जमा करवाना अनिवार्य होगी। उन्होंने बस मालिकों से अपनी बसों में ओवरलोडिंग न करने व निर्धारित समयसारिणी के अनुसार बस चलाने की सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा कि अत्याधिक गति से वाहन चलाने के कारण भी अधिकतर सड़क हादसे हो रहे हैं। उन्होंने बस चालकों को निर्धारित गतिसीमा तथा समय पर वाहन चलाने की चेतावनी दी है।
राघव शर्मा ने निजी बस संचालकों से अपनी बसों में वाहन चालकों की भर्ती करते समय वैध लाईसेंस की गहनता से जांच करने तथा मोटर वाहन नियमों की अनुपालना के अनुरूप ही भर्ती करने की सख्त हिदायत दी। इसके अतिरिक्त वाहन चालक द्वारा वाहन चलाते समय शराब के इस्तेमाल तथा अनाधिकृत व्यक्ति को गाड़ी चलाने के लिए देने व सवारियों के साथ दुर्व्यवहार जैसेे मामलों पर बस मालिक विशेष ध्यान रखें। उन्होंने कहा कि कुछ ऑपरेटरों द्वारा अवकाश के दिनों में ग्रामीण क्षेत्रों में जानबूझ कर बसें न चलाने की शिकायतें भी प्रशासन के पास प्राप्त हो रही हैं। उन्होंने सभी बस मालिकों से नियमित रूप से उन्हें आवंटित रूट परमिट के अनुसार बस चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने जानबूझ कर निर्धारित रूट व सययसारिणी के तहत बस न चलाने वाले ऐसे बस ऑपरेटरों के विरूद्व कड़ी कार्रवाई करने की भी हिदायत दी।
इस अवसर पर आरटीओ मेजर (डॉ)विशाल शर्मा ने कहा कि प्राइवेट ड्राइविंग स्कूलों के लिए अपने संस्थान में बायोमिट्रिक मशीन लगाना अनिवार्य की गई है ताकि प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे लोग प्रशिक्षण के लिए अपना पूर्ण समय दे सकें। उन्होेंने कहा कि निर्धारित मापदंडों के तहत ड्राइविंग टेस्ट लेने व लाइसेंस जारी करने के लिए कांगड़ा ज़िला के कच्छयारी(खोली)तथा जसूर में आटोमेटिक ड्राइविंग टेªक बनाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा जा रहा है। इसके अतिरिक्त समयसारिणी में त्रुटियों के निपटारे के लिए कमेटियां गठित की गई हैं जो इस विषय पर चर्चा के उपरांत स्थाई समाधान करेंगी।
बैठक में आरटीओ(उड़नदस्ता)संजय धीमान, एचआरटीसी के क्षेत्रीय प्रबन्धक तथा निजी बस ऑपरेटरों ने भाग लिया ।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे news4himachal@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।