बाबा बालक नाथ की तपोभूमि शाहतलाई: चैत्र मेलों में रेहड़ी-फड़ी लगाने, ढोल-नगाड़े बजाने पर रहेगी रोक #news4
March 6th, 2022 | Post by :- | 140 Views

बाबा बालक नाथ की तपोभूमि शाहतलाई में 13 मार्च से 13 अप्रैल तक चैत्र मेले होंगे। इस दौरान रेहड़ी-फड़ी लगाने, ढोल-नगाड़े और माइक के प्रयोग पर पूर्ण रोक रहेगी। भीख मांगने वालों से भी सख्ती से निपटा जाएगा। रविवार को मेलों की तैयारियों पर अतिरिक्त उपायुक्त तोरूल रवीश की अध्यक्षता में बैठक हुई। एसडीएम झंडूता को मेला अधिकारी, कानून व्यवस्था के लिए डीएसपी घुमारवीं को पुलिस मेला अधिकारी और कलोल के नायब तहसीलदार को सहायक मेला अधिकारी नियुक्त किया गया।

लोक निर्माण विभाग को 13 मार्च से पहले खस्ताहाल सड़कों की हालत सुधारने के आदेश दिए गए। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि चैत्र मेलों में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 120 पुलिस और गृहरक्षक जवानों की नियुक्ति की जाएगी। पेयजल, बिजली और पार्किंग की उचित व्यवस्था के साथ तीन अतिरिक्त चिकित्सकों की नियुक्ति की जाएगी। बीमारी और आपातकाल स्थिति में चिकित्सकों को 24 घंटे सेवाएं देने के साथ एक अतिरिक्त एंबुलेंस का सहयोग भी लिया जाएगा।

श्रद्धालुओं के लिए लोकल बसें चलाई जाएंगी। टैक्सी चालक श्रद्धालुओं से मनमाने दाम न वसूलें, इसके लिए तलाई से दियोटसिद्ध और तलाई से बच्छरेटू तक टैक्सी का किराया 15 रुपये प्रति सवारी निर्धारित किया गया है। लंगरों में भोजन बनाने वाले रसोइयों और लंगर संचालकों को चिकित्सीय जांच करवानी होगी। सहायक मेला अधिकारी की अध्यक्षता में बनी खाद्य कमेटी समय-समय पर लंगरों में बने भोजन की गुणवत्ता की जांच करेगी। नगर पंचायत लंगर संचालकों से 5000 रुपये सिक्योरिटी के रूप में लेगी। 2000 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से सफाई के लिए नगर पंचायत को देने होंगे।

मंदिर न्यास 50 अतिरिक्त कर्मचारियों की नियुक्ति करेगा। जल शक्ति विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेलों के दौरान पानी में ब्लीचिंग पाउडर डालें। शाहतलाई में सफाई व्यवस्था बनाए रखने पर होने वाले खर्च पर 80 फीसदी मंदिर न्यास वहन करेगा, जबकि 20 प्रतिशत नगर पंचायत खर्च उठाएगी। शाहतलाई से दियोटसिद्ध जाने वाली सड़क पर सेउ गांव के पास महिलाओं के लिए अस्थायी शौचालय बनाए जाएंगे। नगर पंचायत को मंदिर क्षेत्र में डस्टबिन लगाने के निर्देश दिए गए। डीएसपी अलि ठाकुर, एसडीएम झंडूत नरेश वर्मा और अन्य मौजूद रहे।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे news4himachal@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।