हिमाचल में सोसायटी नहीं विभाग खुद करेगा ऑडिट, ये है वजह
November 8th, 2019 | Post by :- | 133 Views

प्रदेश की विभिन्न सहकारी सभाओं का ऑडिट अब संबंधित विभाग करेगा। कोई सोसायटी अपने स्तर पर ऑडिट नहीं कर पाएगी। संस्थाओं में लगातार हो रहे गोलमाल के बाद सरकार ने यह फैसला लिया है। इस संबंध में सभी जिलों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। माना जा रहा है कि पूर्व में अपने स्तर पर संस्थाएं ऑडिट कर देती थीं और अनियमितताओं को दबा दिया जाता था। जिसका परिणाम अब सहकारी सभाओं में करोड़ों रुपये के घोटाले के रूप में सामने आ रहा है।

बिलासपुर जिले में भी करोड़ों रुपये के गोलमाल का खुलासा हो चुका है। तलाई सहकारी सभा में ही करीब 33 करोड़ का घोटाले को सचिव ने अंजाम दे दिया था। ऑडिट के बाद हुए खुलासे के बाद सभा सचिव सहित तत्कालीन कमेटी सदस्य और राजस्थान के दंपती को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।

इसके अलावा भी जिले में और सभाओं में भी करोड़ों के घोटाले हो चुके हैं। ऑडिट के दौरान जिले की अन्य सहकारी सभाओं में भी करोड़ों के घोटाले होने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में सहकारी सभाओं में हो रहे घोटालों को रोकने और लोगों के पैसे को सुरक्षित रखने के लिए सरकार ने यह फैसला लिया है।

पूर्व में सहकारी सभाओं के ऑडिट के लिए सभा सचिव और प्रबंधन समिति की ओर अपने स्तर पर किसी भी सीए को हायर कर सभा कर ऑडिट करवाया जाता रहा है। इसमें मिलीभगत का अधिक अंदेशा बना रहता था। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने उक्त फैसला लिया है।

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